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बदल जाएगा पटना एयरपोर्ट का लूक, नए टर्मिनल भवन का निर्माण जारी, जानें किया है खास

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हवाई यात्रियों की बढ़ती संख्या के मद्देनजर जयप्रकाश नारायण इंटरनेशनल एयरपोर्ट को विकसित करने का काम जारी है। पटना एयरपोर्ट के टर्मिनल भवन का निर्माण जोरों शोरों से चल रहा है। भवन के पहले मंजिल से यात्रियों के लिए जाने की सुविधा होगी जबकि बाहर से आने वाले यात्री ग्राउंड फ्लोर से बाहर निकल सकेंगे।नए टर्मिनल भवन में अलग से कारगो भवन, फायर बिल्डिंग, एयर ट्रैफिक कंट्रोल टावर सहित मल्टीस्टोरी पार्किंग का निर्माण होना है।

बता दें कि देश के व्यस्ततम हवाई अड्डा में शुमार पटना एयरपोर्ट में यात्रियों की लगातार बढ़ रही संख्या के बाद नए टर्मिनल भवन का निर्माण 1236 करोड़ की लागत से शुरू हुआ है। अगले साल के आखिर तक नए टर्मिनल भवन का का निर्माण पूरा हो जाने की संभावना है। लाइट एंड अल्कोहल के पहले वाले पर डिपार्चर और ग्राउंड फ्लोर पर अराइवल एरिया होगा। दोनों को लिफ्ट और सीढ़ियों से जोड़ा जाएगा।

नए टर्मिनल टर्मिनल भवन में कुल 52 चेक इन काउंटर बनाए जाएंगे, इसे इन-लाइन बैगेज हैंडलिंग सिस्टम से लैस किया जाएगा। वर्तमान में तीन कंवेयर बेल्ट एयरपोर्ट पर लगाए गए हैं। दूसरे शहरों के लिए पटना एयरपोर्ट से जाने वाले यात्रियों की सुविधा हेतु पहले मंजिल से जाने की व्यवस्था है। टर्मिनल भवन में एंट्री करने के बाद डायरेक्ट फ्लाइट के अंदर घुसेंगे। उम्र दराज यात्रियों को जाने में सुविधा होगी। टर्मिनल भवन में आने वाले मेहमानों के लिए राज्य की कला और संस्कृति से अवगत कराने हेतु कला से जुड़ी हुई चित्र और मूर्तियां लगाई जाएगी।

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पटना एयरपोर्ट के नए टर्मिनल भवन बन जाने से कहा जा रहा है कि यात्रियों की संख्या में इजाफा होगा। एक साथ पटना एयरपोर्ट पर 10 विमान खड़ा रहे इसके लिए दस पार्किंग वे बनाया जा रहा है। बिहार सरकार अलग से एक पार्किंग वे बना रही है। एयरपोर्ट से आने जाने वाले विमानों की सुविधा के लिए डाप्लर रडार बनाया जा रहा है। इसे चार करोड़ में खरीदा गया है।

पटना एयरपोर्ट के रनवे की लंबाई बढ़ाकर नौ हजार फिट करने का प्लान है। रनवे के विस्तार होने से बड़े विमान भी एयरपोर्ट पर उतर सकेंगे। विमानों की उड़ानों में कम समय लगे इसके लिए टैक्सी ट्रक बनाने का प्लान है। समानांतर टैक्सी ट्रैक बनने से पार्किंग बे से विमानों को डायरेक्ट टैक्सी ट्रैक पर भेजा जाएगा। आगे वाली विमानों के उड़ान भरने के तुरंत बाद टैक्सी ट्रैक में लाइन में खड़ी पांच मिनट के अंदर ही विमान उड़ान भर सकेगा।